अर्जुन की छाल में कार्डियोप्रोटेक्टिव ,एंटी-इंफ्लेमेटरी और एंटीऑक्सीडेंट गुण होते हैं। आयुर्वेद में अर्जुन की छाल को जड़ी-बूटी मानी जाती है। यह रक्तचाप को नियंत्रित करता है और हृदय की सेहत को बेहतर बनाने में मदद करती है। अर्जुन के पेड़ खासकर भारत में पाया जाता है, दूध के साथ अर्जुन की छाल का सेवन करने से शरीर में बहुत लाभकारी साबित हो सकता है। अर्जुन की छाल में अनेक औषधीय गुण होते है-

हृदय के लिए लाभकारी
अर्जुन की छाल हृदय के लिए सबसे ज्यादा फायदा करता है। यह रक्तदाब को नियंत्रित और हृदय की धड़कन को नियमित करने में सहायक है। दिल की बीमारियों को दूर करने में भी सहायक है। अर्जुन छाल को दूध साथ सेवन करने से दिल की मांसपेशियों में मजबूती मिलती है।
कोलेस्ट्रॉल को कम करना और रक्त संचार में लाभ
अर्जुन की छाल में टैनिन, फलावोनोइड्स और एंटीऑक्सीडेंट्स जैसे तत्व होते हैं। रक्त कोलेस्ट्रॉल के स्तर को कम करता है और रक्तवाहिनियों को साफ रखता है। यह भी पढ़ें- डायबिटीज को कंट्रोल करे ये 5 लाल फल

पाचनतंत्र
पाचन तंत्र में अर्जुन की छाल का प्रमुख गुण होते हैं, यह शरीर में अतिरिक्त अम्लता को कम करता है, इससे एसिडिटी और अपच जैसे समस्याएं दूर होती है। अर्जुन की छाल दूध के साथ सेवन करने से पाचन तंत्र स्वस्थ रहता है।

मस्तिष्क के लिए फायदेमंद
अर्जुन की छाल मस्तिष्क के लिए बहुत ही फायदेमंद है। यह मानसिक तनाव और चिंता को कम करने में मदद करती है। दूध के साथ अर्जुन की छाल का सेवन करते है से मानसिक स्थिति को शांत रखता है।

त्वचा और बालों
त्वचा को स्वस्थ रखने में अर्जुन की छाल बहुत फायदेमंद है, अर्जुन की छाल में एंटी-इंफ्लेटरी और एंटीऑक्सीडेंट गुण होते हैं।जो मुंहासे, झुर्रियां को दूर करने में मदद करता है। यह बालों के लिए बहुत लाभकारी है क्यों कि बालों को मजबूत और झड़ने से बचाता है।
मधुमेह
अर्जुन की छाल मधुमेह रोग के लिए बहुत फायदेमंद है। यह रक्त शर्करा को नियंत्रित करती है। साथ ही इंसुलिन के स्तर को संंतुलित रखती है।

हड्डियों और जोड़ों में ताकत
अर्जुन की छाल में कैल्शियम तत्व और भी खनिज तत्व होते हैं , जो हड्डियों को मजबूत बनाता है। दूध के साथ अर्जुन की छाल का सेवन करने से जोड़ों के दर्द और सूजन को कम करने में सहायक होता है।
रक्तस्त्राव में सहायक
अर्जुन की छाल में टैनिन और प्राकृतिक एंटीसेप्टिक गुण होते हैं। जो शरीर में रक्तस्त्राव को नियंत्रित करने में मदद करते हैं। जिसके मसूड़ों से खून आता है,अर्जुन छाल के सेवन से मसूड़ों में आराम मिलता है।

वजन को कंट्रोल
अर्जुन की छाल का सेवन वजन को नियंत्रण करने में सहायक है। अर्जुन के छाल को प्रतिदिन नियमित उपयोग से मेटाबॉलिज्म को बढ़ावा देता है। यह चर्बी को कम करने और वजन को नियंत्रित करता है।

नींद में सुधार
जिसकों निंद नहीं आती और बेचनी रहती है, उनके लिए अर्जुन की छाल बेहद फायदेमंद है। दूध के साथ अर्जुन की छाल के सेवन मस्तिष्क को शांत करता है। और गहरी नींद को बढ़ावा देता है।
निष्कर्ष
सबसे सरल और आसान तरीका है दूध और अर्जुन की छाल को मिलाकर पीना, जिससे कई स्वास्थ समस्याओं से छुटकारा मिल सकता है। यह मानसिक, हृदय,पाचन तंत्र और त्वचा स्वास्थ्य के लिए बहुत लाभकारी है। नियमित सेवन से आपके सेहत में काफी बदलाव आएगा।