बच्चों में हार्ट अटैक आने के कारण और क्यों?
हार्ट हटैक ज्यादातर ज्यादा उर्म वाले लोगों में होता है, लेकिन कुछ कारण से यह बच्चों को भी प्रभावित कर सकता है। बच्चों में हार्ट अटैक के कई संंभावित कारण हो सकते हैं, जैस अनुवांशिक समस्याएं, जीवनशैली, स्वास्थ्य संबधी विकार शामिल हो हैं।
1) जन्म से ही हृदय विकार
कुछ बच्चों का हृदय जन्म से ही ठीक से विकसित नहीं होता है,जिसके कारण हृदय पर दबाव बढ़ सकता है।
2) Hypertrophic Cardiomyopathy एक बिमारी है
यह हाइपरट्रॉफिक कार्डियोमायोपैथी एक अनुवांशिक बीमारी है जिसमें हृदय की मांसपेशियां मोटी हो जाती हैं।इसके कारण भी अचानक हार्ट अटैक का कारण बन सकता है।
3) इंफेक्शन के कारण
वायरल या बैक्टीरियल संक्रमण के वजह से हृदय की मांसपेशियों में सूजन हो सकती है,जो हृदय की कार्य करने की क्षमता को बाधित कर सकती है।
4) कावासाकी बिमारी
यह एक अलग ही बिमारी है जो रक्त वाहिकाओं को प्रभावित करती है और यह बच्चों में हार्ट अटैक कारण हो सकती है।
5) गलत लाइफस्टाइल
बच्चों के अधिकतर जंक फूड का अधिक सेवन करने से और शारीरिक गतिविधियों की कमी हार्ट अटैक के खतरे को बढ़ा रहे हैं।
a) दिल की अनियमित धड़कन
b) सीने में दर्द और तकलीफ
c) बेहशी हो जाना
d)बहुत ज्यादा थकान
e)सांस लेने में तकलीफ
बच्चों के हार्ट अटैक राकने के उपाय

1 स्वस्थ्य भोजन
बच्चों को पोषण से भरपूर भोजन देंं। बहार के जंक फूड और तेल वाले खाने से बचाएंं।

2 व्यायाम
बच्चों को खेलने और व्यायाम कराने के प्रोत्साहित करें। जिससे शरीर काफी मजबूत बनेगा।

3 डॉक्टर की सलाह
यदि परिवार में हृदय रोग का इतिहास है तो बच्चों को की समय-समय पर जांच कराएंं।
निष्कर्ष
हार्ट अटैैक को नजर अंदाज नहीं किया जा सकता। समय पर जीवनशैली में सुधार करके रोका जा सकता है। यदि बच्चों में हृदय से संबंधित लक्षण समझ में आये तो तुरंत डॉक्टर को दिखलाये।